भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान एम.एस. धोनी के आधार नामांकन फ़ॉर्म को सोशल मीडिया पर सार्वजनिक किये जाने के बाद सरकार ने कार्रवाई की है. सोशल मीडिया पर जानकारी साझा करने को लेकर सरकार ने यूआईडीएआई (UIDAI) को 10 साल के लिए बैन कर दिया है. इसके साथ ही इस घटना की जाँच के आदेश भी दिए गये है.
ऑपरेटर पर लगा 10 साल का बैन-
- यूआईडीएआई के सीईओ अजय भूषण पाण्डेय ने बताया कि यूआईडीएआई के विलेज लेवल इंटरप्रेन्योर (वीएलई) ऑपरेटर को बैन किया गया है.
- उन्होंने बताया कि अब ऑपरेटर यूआईडीएआई के साथ 10 साल तक काम नहीं कर पायेगा.
साक्षी धोनी ने की थी शिकायत-
- दरअसल यह सब तब हुआ जब धोनी की तस्वीर का इस्तेमाल आदर के प्रमोशन के किया गया था.
- धोनी की तस्वीर तब ली गई थी जब वो आधार के लिए अपनी जानकारी दे रहे थे.
- धोनी की एक फोटो सोशल मीडिया पर डाली गई।
- इस फोटो में धोनी अपने आधार के लिए अपने फिंगर प्रिंट देते नजर आ रहे है।
- इस पर धोनी की पत्नी साक्षी ने आईटी मंत्री रवि शंकर प्रसाद से सवाल-जवाब किया.
- रवि शंकर प्रसाद ने इस मामले की जाँच की बात कही थी.
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