मध्यांचल विद्युत वितरण नगर लिमिटेड ने हर बकाएदार से बिजली बिल कैसे वसूल करना है इसके लिए खाका तैयार कर लिया है। यही नहीं सहायक अभियंता से लेकर प्रबंध निदेशक की जिम्मेदारी भी तय कर दी गई है।
- अब देखना है कि क्या समय रहते हुए एमनेस्टी स्कीम 2017 का लाभ बकाएदार ले पाते हैं या नहीं।
- उन्नीस जिलों में दस हजार से ऊपर वाले तीन लाख से अधिक वाले बकाएदार हैं।
- इन बकायेदारों से बिल वसूली के लिए संबंधित अधिकारियों को विभाग की तरफ से टारगेट दिया गया है।
अभियंताओं की भी जिम्मेदारी तय
- मध्यांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड के प्रबंध निदेशक अरविंद राजवेदी ने बकाएदारों से बकाया वसूलने के लिए अभियंताओं की जिम्मेदारी भी तय कर दी है।
- उनके मुताबिक सहायक अभियंता अपने अवर अभियंता के सहयोग से दस से पचास हजार रुपये के बकाएदारों से वसूली करेंगे।
- पचास हजार से एक लाख वाले बकाएदार से बकाया वसूलने की जिम्मेदारी अधिशासी अभियंता की होगी।
- वहीं एक से पांच लाख बकाया वसूलने की जिम्मेदारी अधीक्षण अभियंता की होगी और पांच से दस लाख बकाया वसूलने की जिम्मेदारी मुख्य अभियंता की होगी।
- यही नहीं दस लाख या उससे अधिक बकाया वसूलने की जिम्मेदारी प्रबंध निदेशक के जिम्मे है।
- मध्यांचल के अभियंताओं ने उन्नीस जिलों के ऐसे बकाएदारों की सूची तैयार कर ली है।
- अभियंताओं को इस काम के लिए लगा दिया गया है।
- उपखंड कार्यालय से लेकर वितरण खंड कार्यालय तक एमनेस्टी स्कीम 2017 का पंजीकरण किया जा रहा है।
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Sudhir Kumar
I am currently working as State Crime Reporter @uttarpradesh.org. I am an avid reader and always wants to learn new things and techniques. I associated with the print, electronic media and digital media for many years.